चिर्निशेव्स्की (1828-1889) एक ऐसे महान विचारक-लेखक थे जिनकी रचनाओं ने कई इतिहास-निर्माताओं को प्रभावित किया था। केवल मार्क्स, एंगेल्स ओर प्लेख़ानोव ही नहीं, लेनिन भी चिर्निशेव्स्की से अत्यधिक प्रभावित थे। केवल लेनिन पर ही नहीं, रूस के क्रान्तिकारियों की उस पूरी पीढ़ी पर चिर्निशेव्स्की का गहन प्रभाव था।
कोई एक कथाकृति किसी समाज को किस हद तक प्रभावित कर सकती है और इतिहास-निर्माताओं की एक पूरी पीढ़ी को शिक्षित-दीक्षित करने में कितनी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है, इसे जानने के लिए उन्नीसवीं शताब्दी के आख़िरी चार दशकों (और बीसवीं शताब्दी के पहले दशक) के दौरान रूसी समाज, और विशेषकर युवा समुदाय पर, क्या करें? के प्रभाव का अध्ययन किया जा सकता है।
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Novel, Translation of Foreign Origin
निकअलाय चिर्निशेव्स्की- क्या करें? (उपन्यास) / Nikolay Chernyshevsky- kya karein ? (Novel)
₹600.00प्राय: असाधारण पुस्तकों का इतिहास भी निराला होता है।
8 फ़रवरी 1863 को सांक्त पितिरबूर्ग के लितअयनी प्रोसपेक्त पर एक सामान्य क्लर्क को एक लिफ़ाफ़ा पड़ा मिला, उसमें ‘क्या करें?’ जैसे…Select options This product has multiple variants. The options may be chosen on the product pageQuick View
